असम की राजनीति के वरिष्ठ और सम्मानित नेता कबींद्र पुरकायस्थ का 7 जनवरी 2026 को 95 वर्ष की आयु में निधन हो गया। वे लंबे समय से अस्वस्थ चल रहे थे और इलाज के दौरान सिलचर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर से न केवल भाजपा संगठन बल्कि पूरे असम में शोक की लहर दौड़ गई।
असम की राजनीति में अहम भूमिका
पूर्व केंद्रीय मंत्री कबींद्र पुरकायस्थ असम भाजपा के संस्थापक नेताओं में से एक माने जाते थे। अपने लंबे राजनीतिक करियर में उन्होंने संगठन को जमीनी स्तर पर मज़बूत किया और राज्य की राजनीति को नई दिशा दी। सिलचर क्षेत्र में उनके योगदान को हमेशा याद किया जाएगा।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, कबींद्र पुरकायस्थ ने भाजपा को असम जैसे कठिन राजनीतिक परिदृश्य में स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उन्होंने कई सामाजिक और विकासात्मक पहल में सक्रिय भागीदारी निभाई।
प्रधानमंत्री मोदी का श्रद्धांजलि संदेश
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि कबींद्र पुरकायस्थ जी एक समर्पित समाजसेवी और दूरदर्शी नेता थे, जिन्होंने असम के विकास में उल्लेखनीय योगदान दिया। प्रधानमंत्री ने आगे कहा कि:
“राज्य में भाजपा को सशक्त बनाने में उनकी भूमिका भूलाई नहीं जा सकती। इस दुख की घड़ी में मैं उनके परिवार और समर्थकों के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं।
ओम शांति।”
राजनीतिक और सामाजिक जगत से शोक संदेश
कई वरिष्ठ नेताओं, मंत्रियों और कार्यकर्ताओं ने कबींद्र पुरकायस्थ को श्रद्धांजलि दी। भाजपा कार्यकर्ताओं ने कहा कि वे न केवल एक राजनीतिक मार्गदर्शक थे, बल्कि पार्टी के आदर्श और अनुशासन के प्रतीक भी थे।